रांची। झारखंड सरकार की ओर से नियुक्ति प्रक्रिया रद्द किए जाने के आदेश को चुनौती देने वाली दो अलग-अलग याचिकाओं पर सोमवार को झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति दीपक रोशन की अदालत में हुई. अदालत ने असिस्टेंट कंजरवेटर ऑफ फॉरेस्ट (ACF) 2024 और फॉरेस्ट रेंज ऑफिसर (FRO) 2024 की नियुक्ति प्रक्रिया रद्द करने के राज्य सरकार के आदेश पर तत्काल रोक लगाने से इनकार कर दिया.
सुनवाई के दौरान प्रार्थियों की ओर से अदालत को बताया गया कि सरकार द्वारा JSSC-CGL, 11वीं से 13वीं JPSC और CDPO नियुक्तियों को रद्द करने के आदेश पर हाईकोर्ट पहले रोक लगा चुका है. इसी आधार पर ACF और FRO 2024 की नियुक्ति प्रक्रिया रद्द करने के आदेश पर भी रोक लगाने की मांग की गई. प्रार्थियों ने आशंका जताई कि सरकार इन पदों के लिए नए सिरे से नियुक्ति का विज्ञापन जारी कर सकती है.
इस पर अदालत ने कहा कि यदि ऐसी स्थिति उत्पन्न होती है तो प्रार्थी कोर्ट में हस्तक्षेप याचिका (IA) दाखिल कर सकते हैं. अदालत ने मामले में राज्य सरकार से जवाब मांगा है. अब मामले की अगली सुनवाई 24 सितंबर को निर्धारित की गई है. राज्य सरकार की ओर से महाधिवक्ता रोहिय राय ने पक्ष रखा.
18 अगस्त की रात सरकार ने लिया था परीक्षा रद्द करने का फैसला
गौरतलब है कि CID जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर राज्य सरकार ने 18 अगस्त की देर रात उन सभी परीक्षाओं को रद्द करने की घोषणा की थी, जिनमें TDPL शामिल रहा था. इसके साथ ही वर्ष 2014 से आयोजित सभी नियुक्ति परीक्षाओं में संभावित अनियमितताओं को लेकर जांच कराने की भी घोषणा की गई थी.
इन घोषणाओं के बाद कार्मिक, प्रशासनिक सुधार एवं राजभाषा विभाग की ओर से परीक्षा रद्द करने, परीक्षा प्रक्रिया स्थगित करने और विभिन्न परीक्षाओं को जांच के दायरे में लाने से संबंधित अधिसूचना जारी की गई है.
अधिसूचना के अनुसार 22 परीक्षाओं को रद्द, 6 परीक्षाओं की प्रक्रिया स्थगित और 17 परीक्षाओं को जांच के दायरे में शामिल किया गया है. अब ACF और FRO 2024 नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर हाईकोर्ट में अगली सुनवाई 24 सितंबर को होगी.



