नई दिल्ली: एक्सपर्ट्स के मुताबिक, भारत में कोरोना वायरस अभी अपने पीक पर नहीं पहुंचा है. जून का पहला हफ्ता जैसा गुजरा है, उसे देखते हुए हालात और भयावह होने का डर है. कोरोना संक्रमण की दर अब कई गुना हो गई है. जून की शुरुआत से ही रोज लगभग 9-10 हजार नए मामले सामने आ रहे हैं. सिर्फ पिछले 5 दिन के आंकड़े देखें तो 50 हजार से ज्यादा केस सामने आए हैं. आज देश में अनलॉक-1 का पहला दिन है. लॉकडाउन में छूट के बाद इतनी तेजी से केसेज बढ़ना सरकारों को बड़ी टेंशन दे रहा है.
पिछले 20 दिन में डेढ़ लाख नए केसभारत में कोरोना वायरस का पहला मरीज 30 जनवरी को मिला था. आंकड़ा 100 केसेज तक पहुंचने में 15 मार्च तक का वक्त लगा. अगले 64 दिन में केसेज की संख्या एक लाख का आंकड़ा पार कर गई. यानी भारत में एक लाख कोरोना मामले होने में कुल 109 दिन लगे. हम अमेरिका, स्पेन जैसे देशों से दोगुना वक्त लेकर एक लाख केसेज तक पहुंचे थे. ये बात है 20 मई की. 31 मई को लॉकडाउन-4 खत्म हुआ और कई तरह की छूट दी गई. इसके बाद मामले तेजी से बढ़ने शुरू हुए. दो जून को देश में कोरोना मरीजों की संख्या दो लाख पार कर गई. अगले 5 दिन में 50 हजार से ज्यादा मरीज आए. इस वक्त देश में 2.56 लाख कन्फर्म केस हैं. पिछले दो दिन से लगातार 10 हजार से ज्यादा नए मामले सामने आ रहे हैं.
भारत में यूं बढ़ता गया कोरोना
| कुल मामले | तारीख |
| 1 | 30 जनवरी 2020 |
| 100 | 15 मार्च 2020 |
| 10,000 | 14 अप्रैल 2020 |
| 50,000 | 7 मई 2020 |
| 1,00,00 | 19 मई 2020 |
| 1,50,000 | 27 मई 2020 |
| 2,00,000 | 2 जून 2020 |
| 2,50,000 | 8 जून 2020 |
अबतक 7,100 से ज्यादा मौतेंकेंद्रीय स्वास्थ्य विभाग के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, देश में कोविड-19 से अबतक 7135 की मौत हो चुकी है. पिछले 24 घंटों में 206 नई मौतों के साथ ही कोरोना वायरस के मामलों की संख्या भी बढ़कर 2,56,611 हो गई है. अभी 1.25 लाख से ज्यादा केसेज ऐक्टिव हैं. जबकि इलाज के बाद ठीक हो चुके 1.24 लाख मरीजों को छुट्टी जा चुकी है. भारत की रिकवरी दर 48.35 प्रतिशत है, जबकि मृत्यु दर 3.89 प्रतिशत है.
महाराष्ट्र सबसे बुरी तरह प्रभावितभारत में कोरोना से सबसे ज्यादा प्रभावित राज्य महाराष्ट्र है. यहां देश के 36% से ज्यादा मरीज (85,975) हैं. इसके बाद 31, 667 मामलों के साथ तमिलनाडु, 27, 654 मामलों के साथ दिल्ली और 19,592 मामलों के साथ गुजरात का नंबर है.

